Rajasthan News: शिक्षकों की भारी कमी से भड़के ग्रामीणों ने स्कूल में जड़ा ताला, प्रशासन में मचा हड़कंप, मिनटों में पूरी हुई महीनों पुरानी मांग

सरकारी स्कूल में लंबे समय से शिक्षकों की कमी का दंश झेल रहे बच्चों और ग्रामीणों का गुस्सा आखिरकार फूट पड़ा। नाराज अभिभावकों और गांववालों ने एकजुट होकर स्कूल के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया और प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।

Jul 13, 2026 - 20:53
 0
Rajasthan News: शिक्षकों की भारी कमी से भड़के ग्रामीणों ने स्कूल में जड़ा ताला, प्रशासन में मचा हड़कंप, मिनटों में पूरी हुई महीनों पुरानी मांग
School locked by villagers in Rajasthan

जयपुर।ग्रामीण इलाकों में सरकारी स्कूलों की बदहाली और शिक्षकों की कमी कोई नई बात नहीं है, लेकिन जब अभिभावकों के सब्र का बांध टूटता है, तो प्रशासन को भी घुटने टेकने पड़ जाते हैं। ऐसा ही एक मामला सामने आया है, जहां शिक्षकों की कमी से नाराज गांववालों ने अपने बच्चों के भविष्य को बचाने के लिए कड़ा कदम उठाया। ग्रामीणों ने स्कूल पर ताला जड़कर ऐसा दबाव बनाया कि शिक्षा विभाग को तुरंत एक्शन लेना पड़ा।

महीनों से खाली पड़े थे शिक्षकों के पद

जानकारी के अनुसार, गांव के इस सरकारी स्कूल में लंबे समय से कई विषयों के शिक्षकों के पद खाली पड़े थे।

भविष्य हो रहा था खराब: शिक्षकों की कमी के कारण बच्चों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही थी। कोर्स अधूरा पड़ा था और आगामी परीक्षाओं को लेकर छात्र और अभिभावक दोनों ही भारी तनाव में थे।

अनसुनी गुहार: ग्रामीणों और पंचायत प्रतिनिधियों ने कई बार शिक्षा विभाग के अधिकारियों से लेकर स्थानीय नेताओं तक ज्ञापन सौंपे, लेकिन महीनों तक उनकी इस मांग पर किसी ने ध्यान नहीं दिया। अधिकारियों की ओर से सिर्फ खोखले आश्वासन ही मिल रहे थे।

स्कूल पर ताला और प्रशासन में हड़कंप

लगातार हो रही अनदेखी से आजिज आकर ग्रामीणों ने आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया।

सुबह होते ही भारी संख्या में अभिभावक, बच्चे और गांव के लोग स्कूल परिसर में इकट्ठा हो गए।

उन्होंने स्कूल के मुख्य गेट पर भारी-भरकम ताला जड़ दिया और शिक्षा विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी।

प्रदर्शनकारियों ने साफ चेतावनी दी कि जब तक स्कूल में नए शिक्षकों की नियुक्ति नहीं हो जाती, तब तक ताला नहीं खोला जाएगा और किसी भी कर्मचारी को अंदर नहीं जाने दिया जाएगा।

मिनटों में निकला महीनों पुरानी समस्या का समाधान

ग्रामीणों के इस उग्र प्रदर्शन और स्कूल में तालाबंदी की खबर जैसे ही शिक्षा विभाग के आला अधिकारियों तक पहुंची, महकमे में हड़कंप मच गया।

अधिकारियों की दौड़: मामले की नजाकत को भांपते हुए ब्लॉक स्तर के शिक्षा अधिकारी और प्रशासनिक अमला तुरंत मौके पर पहुंच गया।

तत्काल आदेश जारी: ग्रामीणों के गुस्से को देखते हुए अधिकारियों ने उच्च स्तर पर बात की और आनन-फानन में पास के स्कूलों से शिक्षकों को डेप्यूटेशन (प्रतिनियुक्ति) पर इस स्कूल में लगाने के आदेश जारी कर दिए।

लिखित आश्वासन: केवल मौखिक नहीं, बल्कि लिखित आदेश की कॉपी ग्रामीणों को सौंपी गई, जिसके बाद ही उन्होंने स्कूल का ताला खोला।

जो मांग महीनों से लाल फीताशाही का शिकार थी, वह ग्रामीणों की एकजुटता के चलते महज कुछ मिनटों के प्रदर्शन में ही पूरी हो गई। यह घटना साबित करती है कि जब जनता अपने अधिकारों के लिए खड़ी होती है, तो सिस्टम को भी तेजी से काम करना पड़ता है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0