अशोक गहलोत ने लगाए सरकार गिराने के आरोप, बेनीवाल-मीणा को बताया दोस्त

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सीधे तौर पर हनुमान बेनीवाल और किरोड़ी लाल मीणा को अपनी सरकार गिराने की साजिश का सहभागी बताया है। उनके मुताबिक, दोनों नेता आपस में दोस्त हैं और उन्होंने हेलीकॉप्टर से प्रदेश में घूमकर सरकार को अस्थिर करने की कोशिश की।

Aug 30, 2025 - 19:06
Aug 30, 2025 - 19:09
 0
अशोक गहलोत ने लगाए सरकार गिराने के आरोप, बेनीवाल-मीणा को बताया दोस्त
Ashok Gehlot on Hanuman Beniwal & Kirodilal meena

जयपुर, 30 अगस्त।पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जयपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान एक बड़ा बयान दिया, जिससे राजस्थान की सियासत में उबाल आ गया है। गहलोत ने राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) प्रमुख हनुमान बेनीवाल और भाजपा के वरिष्ठ नेता व कैबिनेट मंत्री किरोड़ी लाल मीणा पर सरकार गिराने का आरोप लगाते हुए कहा कि दोनों नेता आपस में दोस्त हैं और उन्होंने मिलकर उनकी सरकार को अस्थिर करने का प्रयास किया।

गहलोत ने क्या कहा?

“ये दोनों ही हेलीकॉप्टर से प्रदेश में घूमते रहे, मकसद था हमारी सरकार को गिराना। इन दोनों का पुराना इतिहास है। पैसे लेने की बात तो राजस्थान में कोई नई बात नहीं है, यह एक अलग चर्चा का विषय है। मैं यह नहीं कहूंगा कि राहुल गांधी साहब इनसे दुश्मनी रखते हैं या कम्युनिकेट करते हैं, लेकिन इन दोनों ने मेरी, दूसरे शब्दों में, यानी कांग्रेस सरकार गिराने की साजिश में अहम भूमिका निभाई।”
इसी दौरान गहलोत ने टीवी पर दोनों नेताओं के बीच चल रही बयानबाजी पर तंज कसा और कहा, “देखें, कि इससे राजस्थान के लोगों के बीच क्या संदेश गया होगा?”

मानेसर घटना का जिक्र:

गौरतलब है कि 2020 में तत्कालीन उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट के विद्रोह और विधायकों के मानेसर के होटल में जाने की घटना को ही गहलोत ने एक बड़ी साजिश के तौर पर पेश किया है, जिसमें उन्होंने बेनीवाल और मीणा को सक्रिय बताया।
गहलोत ने कहा कि उनके प्रयासों के बावजूद सरकार बच गई, जो एक बड़ी बात है। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि दोनों नेताओं ने किस तरह की गतिविधियां कीं, लेकिन यह दावा किया कि वे सरकार को अस्थिर करने में शामिल थे।

मीणा का पलटवार:

गहलोत के बयान पर किरोड़ी लाल मीणा ने सीधा जवाब देते हुए कहा कि गहलोत खुद अपनी सरकार गिराने के असली सूत्रधार हैं। मीणा ने आरोप लगाया कि गहलोत सरकार ने नौकरी छात्राओं के साथ धोखा किया, हाईकोर्ट में भर्ती रद्द का फैसला आया तो उनकी पोल खुल गई। उन्होंने कहा कि सरकार विधायकों के अधिकारों का हनन करती रही, जिससे बगावत हुई और जनता ने सरकार को हरा दिया।
उधर, हनुमान बेनीवाल ने अभी तक गहलोत के इस बयान पर सीधी प्रतिक्रिया नहीं दी है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0